धंधेबाजों की नई चाल: पूजा के सामान में भी कर रहे मिलावट

धंधेबाजों की नई चाल
त्योहारों के मौसम में जब पूरा देश भक्ति और श्रद्धा में डूबा है, तब कुछ लालची कारोबारी लोगों की आस्था से खिलवाड़ कर रहे हैं। अब खाने-पीने की चीज़ों के बाद पूजा सामग्री में भी मिलावट के मामले सामने आने लगे हैं।
पूजा के सामान में भी कर रहे मिलावट

अगरबत्ती, कपूर, रोली, सिंदूर और घी जैसे सामानों में घटिया क्वालिटी के रासायनिक पदार्थ मिलाकर बेचा जा रहा है। ये न सिर्फ पूजा की पवित्रता को दूषित करते हैं बल्कि लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी खतरनाक साबित हो सकते हैं। स्थानीय बाजारों में जांच के दौरान कई दुकानों से संदिग्ध सामग्री बरामद हुई है। इनमें कुछ में जहरीले रंग, तो कुछ में सस्ता पाउडर मिलाकर उसे असली बताया गया। जांच टीम ने सैंपल लेकर लैब में भेज दिए हैं। अधिकारियों का कहना है |त्योहारों के वक्त मिलावटखोर सबसे ज्यादा सक्रिय हो जाते हैं। लोगों को सतर्क रहना चाहिए और बिना ब्रांड, बिना पैकिंग वाले सामान न खरीदें।
संदेश साफ है:
भक्ति और आस्था की रक्षा खुद करनी होगी।
खरीदारी करते वक्त थोड़ा सावधान रहिए — ताकि आपकी पूजा सच्ची और पवित्र बनी रहे।
भक्ति पर भी डाका! मिलावटी पूजा सामग्री से खतरा बढ़ा
श्रद्धा को भी नहीं छोड़ा — अब पूजा सामग्री में हो रही मिलावट!
“सावधान रहें! पूजा सामग्री खरीदते वक्त हमेशा ब्रांड और पैकिंग जांचें।
भक्ति में मिलावट ना आने दें!”

पूजा सामग्री में मिलावट: श्रद्धा के नाम पर कारोबारियों की नई चाल
त्योहारों के मौसम में जब पूरा देश भक्ति और श्रद्धा में डूबा है, तब कुछ लालची कारोबारी लोगों की आस्था से खिलवाड़ कर रहे हैं। अब खाने-पीने की चीज़ों के बाद पूजा सामग्री में भी मिलावट के मामले सामने आने लगे हैं।
पूजा के सामान में भी कर रहे मिलावट
अगरबत्ती, कपूर, रोली, सिंदूर और घी जैसे सामानों में घटिया क्वालिटी के रासायनिक पदार्थ मिलाकर बेचा जा रहा है। ये न सिर्फ पूजा की पवित्रता को दूषित करते हैं बल्कि लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी खतरनाक साबित हो सकते हैं।
स्थानीय बाजारों में जांच के दौरान कई दुकानों से संदिग्ध सामग्री बरामद हुई है। इनमें कुछ में जहरीले रंग, तो कुछ में सस्ता पाउडर मिलाकर उसे असली बताया गया। जांच टीम ने सैंपल लेकर लैब में भेज दिए हैं।
अधिकारियों का कहना है — “त्योहारों के वक्त मिलावटखोर सबसे ज्यादा सक्रिय हो जाते हैं। लोगों को सतर्क रहना चाहिए और बिना ब्रांड, बिना पैकिंग वाले सामान न खरीदें।”
भक्तजन भी नाराज़ हैं कि श्रद्धा के प्रतीक बने पूजा सामग्रियों को अब मुनाफे का जरिया बनाया जा रहा है।
संदेश साफ है:
भक्ति और आस्था की रक्षा खुद करनी होगी।
खरीदारी करते वक्त थोड़ा सावधान रहिए — ताकि आपकी पूजा सच्ची और पवित्र बनी रहे।
त्योहारों में मिलावट का खेल — प्रशासन सख्त, कई जगह छापेमारी
त्योहारों का मौसम आते ही मिलावटखोर फिर सक्रिय हो गए हैं। इस बार केवल खाद्य सामग्री ही नहीं, बल्कि पूजा के सामान और दूध, पनीर जैसे दैनिक उपयोग की चीज़ों में भी गड़बड़ी की जा रही है

स्थानीय प्रशासन और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने बाजारों में छापेमारी कर कई सैंपल लिए। अधिकारियों को जानकारी मिली थी कि कुछ व्यापारी त्योहारों की बढ़ती मांग का फायदा उठाकर नकली व मिलावटी उत्पाद बेच रहे हैं।
खाद्य निरीक्षकों की टीम ने कई दुकानों से पनीर, घी, तेल, कपूर और अगरबत्तियों के सैंपल लेकर जांच के लिए लैब भेजे हैं। प्राथमिक जांच में कुछ नमूनों में गड़बड़ी मिलने की आशंका जताई गई है।
अधिकारियों का कहना है —
“त्योहारों में मिलावट का कारोबार तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में उपभोक्ताओं को खुद भी सतर्क रहना चाहिए। बिना ब्रांड और बिना लेबल वाले उत्पादों से बचें।”

प्रशासन ने अपील की है कि कोई भी व्यक्ति संदिग्ध या नकली सामान बिकते देखे तो तुरंत सूचना दें ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके।
संदेश साफ है:
श्रद्धा और सेहत दोनों की सुरक्षा ज़रूरी है।
सस्ती चीज़ों के लालच में अपनी भक्ति और स्वास्थ्य से समझौता न करें।
पूजा के सामान में भी कर रहे मिलावट

